देश के सुप्रसिद्ध धार्मिक स्थल बाबा खाटूश्याम जी मंदिर को लेकर एक ऐसी सनसनीखेज खबर सामने आई है जिसने सुरक्षा एजेंसियों की नींद उड़ा दी है। गाजियाबाद पुलिस द्वारा पकड़े गए अंतरराष्ट्रीय जासूसी नेटवर्क के गुर्गों के मोबाइल से खाटूश्यामजी मंदिर की बेहद संवेदनशील तस्वीरें, वीडियो और लोकेशन बरामद हुई हैं। सबसे चौंकाने वाला खुलासा यह है कि ये तमाम जानकारियां सरहद पार पाकिस्तान भेजी जा रही थीं।
पुलिस की तफ्तीश में सामने आया है कि कौशांबी (गाजियाबाद) से गिरफ्तार किए गए पांचों आरोपी सीधे तौर पर पाकिस्तान के संपर्क में थे। उन्हें वहीं से फंडिंग, ट्रेनिंग और निर्देश मिल रहे थे। आरोपियों के फोन में न केवल मंदिर परिसर, बल्कि पास के रेलवे स्टेशन और भीड़भाड़ वाले इलाकों के भी नक्शे मिले हैं।
आरोपी देशभर के करीब दर्जनभर संवेदनशील स्थानों पर अपने अवैध सीसीटीवी कैमरे लगाने की फिराक में थे, ताकि लाइव फीड सीधे आतंकी संगठनों तक पहुंचाई जा सके।
इस खुलासे के बाद खाटूश्यामजी में सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य किले में तब्दील कर दिया गया है। मंदिर और बाजारों में कमांडो और पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई है। होटल, धर्मशाला और गेस्ट हाउसों की सघन तलाशी ली जा रही है। प्रशासन ने मकान मालिकों को सख्त निर्देश दिए हैं कि बिना पुलिस वेरिफिकेशन किसी को भी किराएदार न रखें।
यह पहली बार नहीं है जब खाटूश्यामजी का नाम संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ा हो। हाल ही में मध्यप्रदेश के मुरैना हत्याकांड का मुख्य आरोपी भी रींगस रेलवे स्टेशन से दबोचा गया था, जो खाटूधाम में छिपने की फिराक में था।
उप पुलिस अधीक्षक राव आनंद ने साफ किया है कि प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत एक्शन लिया जा रहा है। वहीं, व्यापार मंडल के कोषाध्यक्ष गिरिराज माटोलिया ने मांग की है कि बाहर से आने वाले व्यापारियों का डेटाबेस तैयार होना चाहिए, क्योंकि एक छोटी सी चूक बड़े हादसे को दावत दे सकती है।
यदि आपको अपने आसपास कोई भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु दिखाई दे, तो तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचित करें। आपकी सतर्कता ही सुरक्षा है।















