समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर एक बड़ी भविष्यवाणी की है। लखनऊ में मीडिया से बात करते हुए अखिलेश ने स्पष्ट किया कि बंगाल की जनता एक बार फिर ममता बनर्जी पर ही भरोसा जताएगी।
अखिलेश यादव ने ममता बनर्जी के कामकाज की तुलना ‘नेताजी’ मुलायम सिंह यादव के विजन से की। उन्होंने कहा कि मुझे इस बात की बेहद खुशी है कि जो काम कभी आदरणीय नेताजी ने महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण के लिए शुरू किए थे, आज वही काम ममता बनर्जी बंगाल में जमीनी स्तर पर कर रही हैं। यही कारण है कि वहां की महिलाएं और आम जनता मजबूती से अपनी ‘दीदी’ के साथ खड़ी है।
हैदराबाद सांसद असदुद्दीन ओवैसी (AIMIM) की बंगाल चुनाव में एंट्री पर अखिलेश ने बेबाकी से अपनी राय रखी। उन्होंने संकेत दिया कि यूपी की तरह बंगाल में भी PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) की आवाज बुलंद होगी।
अखिलेश ने कहा कि यूपी की जनता ने जो एकजुटता का संदेश दिया था, वही बंगाल में दोहराया जाएगा। उन्होंने चुनाव आयोग की पाबंदियों की ओर इशारा करते हुए कहा कि “इलेक्शन कमीशन कितनी भी पाबंदियां लगा ले, लेकिन लोकतंत्र को बचाने के लिए बंगाल की जनता ममता बनर्जी को ही चुनकर भेजेगी।
अखिलेश यादव के इस बयान ने साफ कर दिया है कि समाजवादी पार्टी बंगाल चुनाव में ममता बनर्जी और टीएमसी के पक्ष में लामबंद है। उनका दावा है कि समाजवादी सिद्धांतों और सेक्युलरिज्म के आह्वान के आगे दूसरी ताकतें टिक नहीं पाएंगी।















