कोलकाता: पश्चिम बंगाल की मशहूर प्लेबैक सिंगर लग्नजिता चक्रबर्ती को 20 दिसंबर 2025 को पूर्वी मिदनापुर जिले के भगवानपुर में एक प्राइवेट स्कूल के कार्यक्रम में स्टेज पर हेनस्टी का शिकार होना पड़ा। वे फिल्म ‘देवी चौधुरानी’ का देवी गीत ‘जागो मां’ गा रही थीं, तभी आयोजक और स्कूल मालिक मेहबूब मलिक स्टेज पर चढ़ आए और गुस्से में चिल्लाते हुए कहा, “अनेक जागो मां होयेचे, एबार किछु सेक्युलर गा” (अब बस करो जागो मां, कुछ सेक्युलर गाओ)
लग्नजिता के मुताबिक, मेहबूब उन्हें मारने की कोशिश करने लगे, लेकिन दर्शकों ने बीच-बचाव कर उन्हें रोक लिया। सिंगर ने प्रदर्शन बीच में रोक दिया और सीधे भगवानपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। शुरुआत में पुलिस ने FIR दर्ज करने में आनाकानी की, लेकिन सीनियर ऑफिसर्स के हस्तक्षेप के बाद केस दर्ज हुआ और मेहबूब मलिक को गिरफ्तार कर लिया गया।बीजेपी का आरोप: पार्टी ने दावा किया कि मेहबूब मलिक तृणमूल कांग्रेस (TMC) का स्थानीय नेता है। बीजेपी नेता शंकुदेव पांडा ने इसे “एंटी-हिंदू अप्रोच” बताया और कहा कि ममता बनर्जी की पुलिस ने पहले शिकायत दर्ज नहीं की। उन्होंने सवाल उठाया कि बंगाल में हिंदू धार्मिक अभिव्यक्ति दबाई जा रही है, क्या बंगाल बांग्लादेश जैसा हो रहा है?
TMC का पक्ष: तृणमूल ने घटना की निंदा की, लेकिन मेहबूब को पार्टी से जोड़ने से इनकार किया। एक नेता ने कहा कि यह प्राइवेट स्कूल का मामला है और पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की।आरोपी पक्ष का दावा: मेहबूब के भाई ने कहा कि कार्यक्रम देर से चल रहा था, लग्नजिता अतिरिक्त पैसे मांग रही थीं और सेक्युलर गाने की सिर्फ रिक्वेस्ट की गई थी।लग्नजिता ने कहा कि 11 साल के करियर में ऐसा पहली बार हुआ। वे आगे भी ‘जागो मां’ गाती रहेंगी और पुलिस पर भरोसा जताया। यह घटना बंगाल में धार्मिक-सांस्कृतिक अभिव्यक्ति पर बहस छेड़ दी है। जांच जारी है।








