वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को 3 जनवरी 2026 को अमेरिकी स्पेशल फोर्सेस ने काराकास में एक सैन्य ऑपरेशन में गिरफ्तार किया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के आदेश पर यह कार्रवाई हुई, जिसे “ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व” नाम दिया गया। मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को न्यूयॉर्क लाया गया, जहां 5 जनवरी 2026 को मैनहट्टन की फेडरल कोर्ट में पेश किया गया। मादुरो ने नार्को-आतंकवाद समेत सभी आरोपों में खुद को निर्दोष बताया और कहा, ‘मैं निर्दोष हूं, मैं एक शरीफ आदमी हूं और अभी भी वेनेजुएला का राष्ट्रपति हूं’
गिरफ्तारी और कोर्ट पेशी का विवरणअमेरिकी अभियोजन पक्ष का दावा है कि मादुरो ने दशकों से कोलंबियाई गुरिल्ला ग्रुप्स (जैसे FARC) और अंतरराष्ट्रीय ड्रग कार्टेल्स के साथ मिलकर हजारों टन कोकीन अमेरिका भेजी। 2020 में लगे आरोपों को 2026 में अपडेट किया गया, जिसमें उनकी पत्नी और बेटे को भी शामिल किया गया। मादुरो पर चार मुख्य आरोप हैं:
- नार्को-आतंकवाद की साजिश (Narco-Terrorism Conspiracy)
- कोकीन आयात की साजिश (Cocaine Importation Conspiracy)
- मशीनगनों और विनाशकारी हथियारों का कब्जा
- ऐसे हथियारों की साजिश

इनमें उम्रकैद तक की सजा हो सकती है। कोर्ट में मादुरो को हथकड़ी और जेल यूनिफॉर्म में लाया गया। उन्होंने अपनी गिरफ्तारी को “अपहरण” बताया। उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस ने भी सभी आरोपों से इनकार किया और खुद को “पूरी तरह निर्दोष” बताया। जज एल्विन के. हेलरस्टीन ने दोनों को हिरासत में रखने का आदेश दिया। अगली सुनवाई 17 मार्च 2026 को होगी।
पृष्ठभूमि और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियामादुरो 2013 से वेनेजुएला के राष्ट्रपति थे,
लेकिन 2024 के विवादित चुनावों के बाद कई देशों ने उन्हें मान्यता नहीं दी। अमेरिका ने उन्हें लंबे समय से ड्रग तस्करी का सरगना माना और 50 मिलियन डॉलर का इनाम रखा था। यह गिरफ्तारी 1989 में पनामा के मैनुअल नोरिएगा की तरह है, जब अमेरिका ने सैन्य कार्रवाई कर नेता को पकड़ा।अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विवाद है। कई देशों (फ्रांस, मेक्सिको आदि) और यूएन ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया, क्योंकि बिना एक्सट्राडिशन के सैन्य कार्रवाई हुई। वेनेजुएला में मादुरो समर्थक इसे “अमेरिकी आक्रमण” बता रहे हैं। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि यह नार्को-टेररिज्म के खिलाफ कानूनी कार्रवाई है।

आगे क्या?
यह मामला लंबा चल सकता है। मादुरो के वकील बैरी पोलक (जो जूलियन असांजे का केस भी लड़ चुके हैं) गिरफ्तारी की वैधता पर सवाल उठा सकते हैं। वेनेजुएला में अंतरिम सरकार बन रही है, और ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका वहां स्थिरता तक मदद करेगा। यह घटना लैटिन अमेरिका की राजनीति और अमेरिकी विदेश नीति को प्रभावित करेगी।








