उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिला जेल से दो कैदी फरार होने की बड़ी खबर सामने आई है। फरार कैदियों की पहचान अमेठी निवासी गोलू अग्रहरि उर्फ सूरज अग्रहरी और सुल्तानपुर निवासी शेर अली के रूप में हुई है। दोनों गंभीर अपराधों में आरोपी थे—सूरज अग्रहरी हत्या के प्रयास (और कुछ रिपोर्टों में POCSO/SC-ST एक्ट से जुड़े मामलों) में जबकि शेर अली बलात्कार (दुष्कर्म) के आरोप में जेल में बंद था। दोनों स्पेशल सेल में रखे गए थे।
घटना की जानकारी सुबह करीब 7:30 बजे कैदियों की गिनती के दौरान सामने आई, हालांकि कुछ रिपोर्टों में यह देर रात या आधी रात की बताई गई है। कैदियों ने पहले बैरक की दीवार तोड़ी (करीब 30 ईंटें उखाड़ी), फिर बाउंड्री वॉल फांदकर या कूदकर फरार हो गए। सूत्रों के अनुसार उन्होंने कंबलों से रस्सी बनाकर मदद ली। इस सुरक्षा चूक से जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया।
डीआईजी जेल मौके पर पहुंचे और निरीक्षण किया। फरार कैदियों की तलाश के लिए पुलिस, एसओजी और जेल विभाग की कई टीमें गठित की गई हैं। आसपास के इलाकों, संभावित ठिकानों पर छापेमारी और नाकाबंदी की जा रही है। पड़ोसी जिलों में भी अलर्ट जारी किया गया है।डीजी जेल पीसी मीणा ने सख्त कार्रवाई करते हुए वरिष्ठ जेल अधीक्षक यूसी मिश्रा, जेलर जे.के. यादव, डिप्टी जेलर मयंक त्रिपाठी, एक हेड जेल वार्डर और तीन जेल वार्डरों समेत कुल 7 अधिकारियों और कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है। मामले की उच्चस्तरीय जांच भी शुरू हो गई है।






























