रिश्तों की परिभाषा बदलती जा रही है या फिर फिल्मों की पटकथाएं हकीकत से प्रेरणा लेने लगी हैं—यह तय करना मुश्किल है। बिहार के सीतामढ़ी से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने परिवार, समाज और पुलिस—तीनों को उलझन में डाल दिया है।
मूल रूप से अलीगढ़ की रहने वाली एक महिला, जो पहले अपने दामाद के साथ फरार होने को लेकर सुर्खियों में आई थी, अब अपने ही बहनोई के साथ घर छोड़कर चली गई है। इस बार कहानी में ‘इमोशनल ड्रामा’ के साथ-साथ दो लाख रुपये नकद और गहनों का भी एंगल जुड़ गया है।
जानकारी के मुताबिक, महिला अपने पति को छोड़कर कुछ समय पहले बिहार के सीतामढ़ी में रह रही थी। करीब 10 महीने पहले वह अपने ही दामाद के साथ फरार हो गई थी। उस समय भी मामला काफी चर्चा में रहा। परिवार किसी तरह उस प्रकरण से उबर ही रहा था कि अब नया मोड़ आ गया। आरोप है कि महिला इस बार अपने बहनोई के साथ घर से फरार हो गई है। यानी रिश्तों की सीढ़ियां भी अब पारंपरिक क्रम में नहीं चढ़ी जा रहीं—सीधे ‘इन-लॉ’ ज़ोन में एंट्री!
परिवार का आरोप है कि महिला जाते-जाते करीब दो लाख रुपये नकद और घर के गहने भी साथ ले गई। इससे मामला केवल “रिश्तों की उलझन” तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कानूनी विवाद का रूप ले चुका है। दादू थाना में इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और दोनों की तलाश की जा रही है। घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। गांव की चौपाल से लेकर सोशल मीडिया तक लोग इस “अलीगढ़ वाली सास” की कहानी पर हैरानी जता रहे हैं। कई लोग इसे पारिवारिक मूल्यों पर सवाल बता रहे हैं, तो कुछ इसे व्यक्तिगत स्वतंत्रता का मामला कह रहे हैं। लेकिन एक बात तय है—यह कहानी अब महज पारिवारिक विवाद नहीं, बल्कि सामाजिक चर्चा का विषय बन चुकी है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। सभी पहलुओं की जांच की जा रही है—क्या यह आपसी सहमति से घर छोड़ना है या आर्थिक लेन-देन का मामला भी जुड़ा है। फिलहाल पुलिस दोनों की तलाश में जुटी है।
क्या यह सिर्फ प्रेम प्रसंग है? क्या यह पारिवारिक तनाव का नतीजा है? या फिर आर्थिक विवाद का मामला? इन सवालों के जवाब जांच के बाद ही सामने आएंगे। लेकिन इतना तय है कि “अलीगढ़ वाली सास” की कहानी में ट्विस्ट अभी खत्म नहीं हुए हैं। रिश्तों के इस उलझे समीकरण ने एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि परिवार की परिभाषा आखिर बदल किस दिशा में रही है।
























