उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में रामलीला के मंचन के दौरान एक दुखद और हैरान करने वाली घटना सामने आई है। खैरा गांव (शाहगंज थाना क्षेत्र) में बीते 13 नवंबर 2025 की देर रात करीब 12:30 बजे राम-रावण युद्ध का दृश्य चल रहा था। भगवान राम का किरदार निभा रहे नैतिक पांडेय ने स्क्रिप्ट के अनुसार तीर चलाया, लेकिन लापरवाही (या आरोपों के अनुसार जानबूझकर) के कारण यह तीर सीधे रावण की भूमिका निभा रहे सुनील कुमार की आंख में लग गया। इससे सुनील की एक आंख की रोशनी पूरी तरह चली गई। मंच पर दर्द से चीखते हुए गिर पड़े सुनील को तुरंत इलाज के लिए ले जाया गया, और उनका इलाज फिलहाल वाराणसी में चल रहा है।
सुनील कुमार अनुसूचित जाति (SC) समुदाय से हैं। उनके भाई शिवम लाल और परिवार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसमें आरोप लगाया गया कि यह घटना द्वेष, ईर्ष्या या साजिश के तहत हुई। पुलिस ने शाहगंज थाने में मामला दर्ज किया है, जिसमें SC/ST Act की की गंभीर धाराएं जैसे शामिल हैं। रामलीला कमेटी के प्रबंधक के खिलाफ भी केस दर्ज हुआ है। सुनील ने मीडिया को बताया कि वे पिछले 10 साल से रावण का रोल निभा रहे थे। उन्होंने दावा किया कि नैतिक पांडेय ने उन्हें बार-बार मना करने के बावजूद आंख पर तीर मारा, गालियां दीं और धमकी दी। कमेटी वालों से भी कोई मदद नहीं मिली। यह घटना स्थानीय स्तर पर काफी चर्चा में है, जहां एक धार्मिक- सांस्कृतिक आयोजन अब कानूनी विवाद में बदल गया है। पुलिस जांच जारी है।































