पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी पर हमला हुआ है। चुनाव के बाद हिंसा के पीड़ितों से मिलने पहुंचे टीएमसी नेता पर प्रदर्शनकारियों ने कच्चे अंडे फेंके और उनके साथ मारपीट की। स्थिति बिगड़ने पर सुरक्षाकर्मियों ने मुस्तैदी दिखाई। उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने के लिए तुरंत हेलमेट पहनाया गया और सुरक्षा घेरे के बीच वहां से निकाला गया।
यह पूरी घटना सोनारपुर के कमराबाद इलाके की है। टीएमसी सांसद शनिवार शाम को अपनी पार्टी के एक मृतक कार्यकर्ता के घर पहुंचे थे। वे तय समय के मुताबिक करीब साढ़े चार बजे कमराबाद पहुंचे, जहां बीजेपी (BJP) कार्यकर्ता- नेता पहले से मौजूद थे। इस प्रदर्शन में महिलाओं को आगे रखा गया था, जिनके हाथों में कच्चे अंडे थे।

भारी विरोध को देखते हुए सांसद अपनी कार छोड़कर बाइक से इलाके के अंदर घुसने लगे। तभी प्रदर्शनकारियों ने पीड़ित के घर से कुछ सौ मीटर पहले ही उन्हें रोक लिया। वहां मौजूद लोगों ने टीएमसी नेता को देखते ही चोर चोर के नारे लगाने शुरू कर दिए। इस दौरान उग्र भीड़ ने सड़क पर दो मोटरसाइकिलें भी फेंक दीं, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
स्थानीय लोगों ने कहा कि हम लोग मजदूर आदमी हैं। हम लोग कोई पार्टी के नहीं हैं। हम लोगों का रास्ता कभी नहीं बना, जितना पैसा आया, सब खा लिया, हम लोग आज भी परेशान हैं, इसलिए गुस्सा है। एक और शख्स ने कहा कि हम कोई बीजेपी नहीं करते, हम यहीं के रहने वाले हैं, हम दीघा के आदमी हैं, यहां दो कट्ठा जमीन लेकर रहते हैं।
क्यों फूटा लोगों का गुस्सा?
इस इलाके के सड़क का हाल बुहत खराब है. इस इलाके में करीब एक किलोमीटर तक सड़क की स्थिति बेहद खराब है, बारिश के दौरान यहां पानी भर जाता है, लोगों का कहना है कि जब ममता बनर्जी मुख्यमंत्री थीं, तब कई बार उनसे गुजारिश की गई, आवेदन दिए गए कि सड़कें ठीक कराई जाएं और पानी की सप्लाई व्यवस्था सुधारी जाए। लेकिन लोगों का आरोप है कि उनकी समस्याओं पर कभी ध्यान नहीं दिया गया। उनके मुताबिक, किसी ने उनके बारे में नहीं सोचा। इसी वजह से जब सांसद होने के नाते अभिषेक बनर्जी यहां पहुंचे, तो लोगों ने सवाल उठाया कि पंद्रह साल से सत्ता में रहने के बावजूद इस इलाके का विकास क्यों नहीं हुआ। इन्हीं मुद्दों को लेकर लोगों में गुस्सा था। उनके खिलाफ लगातार नारेबाजी की गई और उन पर अंडे भी फेंके गए।