बांग्लादेश में राजनीतिक अस्थिरता के बीच हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही। छात्र नेता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद भड़की अशांति में अब एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। लक्ष्मीपुर सदर उपजिला के पश्चिम चार मंसा गांव में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के स्थानीय नेता बेलाल हुसैन के घर को उपद्रवियों ने बाहर से ताला लगाकर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। 
यह हमला 20 दिसंबर की सुबह करीब 1 बजे हुआ। घर में सो रहे परिवार के सदस्य फंस गए। आग की लपटों में बेलाल की सबसे छोटी बेटी आयशा अक्तर (7 साल) जिंदा जल गई। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बेलाल खुद और उनकी दो बड़ी बेटियां सलमा अक्तर (16) और समिया अक्तर (14) गंभीर रूप से झुलस गईं। उनके शरीर का 50-60% हिस्सा जल गया। बेलाल का इलाज लक्ष्मीपुर सदर अस्पताल में चल रहा है, जबकि दोनों बेटियों को ढाका के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ बर्न एंड प्लास्टिक सर्जरी में रेफर किया गया है, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है।
बेलाल की मां हाजेरा बेगम ने बताया कि उपद्रवी घर के दोनों दरवाजे बाहर से बंद कर भाग गए। बेलाल ने किसी तरह दरवाजा तोड़कर पत्नी नाजमा, 4 महीने के शिशु अबिर और 6 साल के बेटे हबीब को बचाया, लेकिन तीन बेटियां अंदर फंस गईं। दो को तो निकाला गया, लेकिन आयशा नहीं बच सकी।यह घटना हादी की मौत से उपजे विरोध प्रदर्शनों के बीच हुई। हादी, जो 2024 के छात्र आंदोलन के प्रमुख नेता थे और शेख हसीना सरकार गिराने में अहम भूमिका निभाई थी, 12 दिसंबर को गोली लगने से घायल हुए थे। सिंगापुर में इलाज के दौरान 18 दिसंबर को उनकी मौत हो गई। इसके बाद ढाका समेत कई शहरों में प्रदर्शनकारियों ने मीडिया हाउस (डेली स्टार, प्रथम आलो), सांस्कृतिक केंद्रों और अवामी लीग से जुड़ी संपत्तियों को निशाना बनाया। कुछ जगहों पर भारत विरोधी नारे भी लगे।
BNP ने इस हमले की कड़ी निंदा की है। महासचिव मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर ने इसे “नृशंस और कायरतापूर्ण आतंकी हमला” बताया और कानून-व्यवस्था की बदतर स्थिति के लिए अंतरिम सरकार को जिम्मेदार ठहराया। पुलिस जांच कर रही है, लेकिन अभी हमलावरों की पहचान नहीं हुई।मुहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार ने हिंसा रोकने की अपील की है, लेकिन कानून-व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। फरवरी 2026 में होने वाले चुनाव से पहले ऐसी घटनाएं देश की स्थिरता के लिए खतरा बनी हुई हैं। यह हिंसा न सिर्फ राजनीतिक, बल्कि निर्दोषों की जान ले रही है।








